धमतरी, 04 जून । आदिवासी बहुल एवं दूरस्थ ग्राम सिंगपुर के ग्रामीणों को जल्द ही बैंकिंग सेवाओं की सुविधा अपने गांव के नजदीक मिलने लगेगी। लंबे समय से बैंक शाखा की मांग कर रहे ग्रामीणों के लिए यह एक बड़ी सौगात साबित होने जा रही है। कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने गुुरुवार काे नगरी-मगरलोड क्षेत्र के सिंगपुर गांव का दौरा कर प्रस्तावित बैंक शाखा के लिए चिन्हित भवन और आवश्यक व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया तथा अधिकारियों को सभी प्रक्रियाएं समयबद्ध ढंग से पूर्ण करने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने कहा कि शासन का उद्देश्य दूरस्थ और आदिवासी क्षेत्रों के लोगों को भी शहरी क्षेत्रों के समान बैंकिंग एवं वित्तीय सुविधाएं उपलब्ध कराना है। बैंक शाखा शुरू होने से ग्रामीणों को खाता संचालन, शासकीय योजनाओं की राशि प्राप्त करने, बचत, ऋण, बीमा और डिजिटल बैंकिंग जैसी सुविधाओं के लिए लंबी दूरी तय नहीं करनी पड़ेगी। इससे न केवल समय और धन की बचत होगी, बल्कि क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी।
उन्होंने कहा कि बैंकिंग सुविधा उपलब्ध होने से स्व-सहायता समूहों, किसानों, युवाओं और छोटे उद्यमियों को विशेष लाभ मिलेगा। शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ भी अधिक पारदर्शी और प्रभावी तरीके से हितग्राहियों तक पहुंच सकेगा। वित्तीय समावेशन ग्रामीण विकास का मजबूत आधार है और सिंगपुर में बैंक शाखा की स्थापना इस दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि होगी।
जानकारी के अनुसार छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण बैंक की नई शाखा के लिए पुराने महिला स्व-सहायता समूह प्रशिक्षण केंद्र भवन का चयन किया गया है। भारतीय रिजर्व बैंक के दिशा-निर्देशों के अनुरूप आवश्यक अधोसंरचना और सुरक्षा व्यवस्थाएं विकसित किए जाने के बाद शाखा का संचालन प्रारंभ किया जाएगा।
छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण बैंक के रीजनल मैनेजर विपिन सिंह चंदेल ने बताया कि शाखा प्रारंभ करने संबंधी अधिकांश औपचारिकताएं पूरी हो चुकी हैं। आरबीआई के निर्धारित मानकों के अनुरूप अंतिम प्रक्रियाएं तेजी से पूरी की जा रही हैं। आवश्यक स्वीकृतियां प्राप्त होते ही बैंकिंग सेवाएं शुरू कर दी जाएंगी।
इस अवसर पर वनमंडलाधिकारी श्रीकृष्ण जाधव, एसडीएम नभ सिंह, सरपंच सहित अन्य अधिकारी एवं ग्रामीण उपस्थित रहे। ग्रामीणों ने क्षेत्र में बैंक शाखा खोलने की पहल का स्वागत करते हुए इसे वर्षों पुरानी आवश्यकता की पूर्ति बताया। उनका कहना था कि बैंक की स्थापना से न केवल वित्तीय सुविधाएं सुलभ होंगी, बल्कि क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास को भी नई दिशा मिलेगी।







