धमतरी, 26 सितंबर । छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में लगातार दो दिनों से हो रही बारिश से जनजीवन प्रभावित हुआ है। धमतरी, कुरूद, नगरी और मगरलोड ब्लॉक के कई गांवों में बाढ़ की स्थिति बनी हुई है। पुल-पुलियों के डूबने से आवागमन प्रभावित है।
जिले के गंगरेल, मुरूमसिल्ली, दुधावा और सोंढूर जलाशय लबालब हैं और अतिरिक्त पानी की निकासी की जा रही है। शुक्रवार को पानी की तेज आवक के चलते गंगरेल बांध के 14 गेट खोले गए थे, लेकिन शनिवार को आवक कम होने पर छह गेट बंद कर दिए गए। वर्तमान में आठ गेट से पानी छोड़ा जा रहा है। प्रशासन ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राशन सामग्री और पेयजल की व्यवस्था दुरुस्त करने के साथ नदी-तटीय और निचले इलाकों में अलर्ट जारी किया है।
जल संसाधन विभाग द्वारा आज शनिवार काे जारी आंकड़ों के अनुसार रविशंकर सागर जलाशय गंगरेल का जलस्तर 348.20 मीटर दर्ज किया गया। यहां उपयोगी जलभराव 719.75 मिलियन घनमीटर यानी 93.836 प्रतिशत है। जलाशय में 1,22,120 क्यूसेक पानी की आवक और 90,000 क्यूसेक निकासी हो रही है। मुरूमसिल्ली का जलस्तर 376.53 मीटर और जलभराव 100 प्रतिशत है। यहां 10,502 क्यूसेक आवक तथा 13,687 क्यूसेक निकासी दर्ज की गई। दुधावा में भी जलभराव 100 प्रतिशत है। इसका जलस्तर 425.56 मीटर, आवक 42,104 क्यूसेक और निकासी 29,558 क्यूसेक है। सोंढूर में जलस्तर 470.07 मीटर और उपयोगी जलभराव 156.41 मिलियन घनमीटर यानी 87.08 प्रतिशत है। यहां 11,876 क्यूसेक पानी की आवक और इतनी ही निकासी हो रही है। 26 सितंबर को जलाशयों के कैचमेंट क्षेत्रों में भी अच्छी बारिश हुई। गंगरेल क्षेत्र में 143 मिमी, मुरूमसिल्ली में 149.5 मिमी, दुधावा में 99 मिमी और साहूर में 88.8 मिमी दैनिक वर्षा दर्ज की गई। लगातार पानी की आवक को देखते हुए जल संसाधन विभाग जलस्तर तथा आवक-निकासी पर नजर बनाए हुए है।







